आज़ादी

उन्नीस सो सैंतालीस मे,

हम अंग्रज़ी से आज़ाद हुए,

दो हज़ार उन्नीस मे,

क्या हम सचमुच आज़ाद रहे?


कहते है कि हम सब ने

इस देश को आज़ाद किया,

अब मन मे सवाल उठता है -

क्या हर एक जन आज़ाद है?


सवाल को जवाब देने के लिए,

'आज़ादी क्या है?' मे पूछूँगी,

सब कोई उत्तर देंगे

कुछ उत्तर मे आपको बताउंगी -


आज़ादी सबका अधिकार है

आज़ादी सब के लिए महत्वपूर्ण है,

आज़ादी सीमाहीन है

आज़ादी सबके लिए है |


लेकिन ! अमीर मनुष्य के जीवन का

कौनसा संकट हो सकता है?

वह तो आज़ाद है; किन्तु भूका, प्यासा

मरता आदमी आज़ाद नहीं है |


यदि किसी का बालक हुआ

आओ, गाओ, नाचो - बचा आज़ाद है

लेकिन सड़क पर पड़ी है बालिका

नन्ही बची कैसे आज़ाद है?


ऐसे और भी लोग है

जिनका भी अधिकार है आज़ादी

उनको कभी क्यों नहीं मिलता

जो सब लोगो को है प्यारा?


उन्नीस सो सैंतालीस मे,

हम अंग्रज़ी से आज़ाद हुए,

दो हज़ार उन्नीस मे,

क्या हम सचमुच आज़ाद रहे?